लाइफ कोच का रिव्यू देते हैं कुछ मेरे वास्तविक पास में शब्द खत्म हो जायेंगे, इस कोर्स का स्तर, इस कोर्स का सिलेबस, इस कोर्स से गुजरने का अनुभव सब मेरी नज़र में है के ये लाइफ / ट्विनफ्लेम कोच कोर्स है या ट्विनफ्लेम इनर वर्क का चरम स्तर, जिस में परम सर और रितु मैम प्यार से वो सब “मुझ” से निकालने में मेरी मदद कर रहे हैं के मैं, मैं ना हो के “तू” हो जाऊं।
मुझे लगता है कि मैंने जो धार्मिक ज्ञान कभी भी कहीं से भी लिया होगा, अब परम सर और रितु ओम माँ की वजह से जीवन में जी रही हूँ।
अपने आप को और लोगो को इसे स्वीकार करना चाहिए।
अपनी शक्तियों और क्षमताओं को जानना और जीवन में बढ़ना।
न्याय न दे क समझो कृष्ण।
बहुत गुण है जो सभी अपने किरदार में देखना चाहते है, और बहुत सी खामियां है जिस से सभी चुप रहना चाहते है लेकिन "कैसे" नहीं पता, लेकिन सर और मैम ने वो सब जो धार्मिक व्याख्यान और कथा में कहते है भावनात्मक रूप से संतुलन, समानता, एकता, सम्दृश्ति, करुणा आदि आदि, सब हमें कदम दर कदम करना चाहिए।
एक दिन था जब मैंने सर को पुष्टि की थी कि सर क्या कहलाते हैं बिना शर्त प्यार जैसा खुश होता है? , ईर्ष्या, मोह, असुरक्षा, भय, अपमान से बचकर मिलेगा मुझे,
और अब अपने मन की हालत, देखती हूँ तो कई बार बहुत अजीब लगता है कई बार कि मुझे अब किसी व्यक्ति, जगह या किसी भी चीज़ से लगाव नहीं होता,
ये नया था मेरे लिए तो अजीब लगा अपना आप के जलन नहीं हो रही,
हर्ट किया किसी ने तो चलते फिरते ही ठीक कर लिया अपना खुश ही मिनटों में,
बेज़ती को क्लियर और ट्रांसम्यूट किया और अगर फिर भी जीना पड़ा तो न्यूट्रल हो के जी लिया।
मेरे लिए तो लाइफ कोच कोर्स वास्तव में आंतरिक कार्य का अलग ही स्तर है जो अगले स्तर का है।
मैं दुआ करती हूँ कि सभी को इसमें रहना चाहिए 🙏🙏 जैसे मुझे मिले।
शुक्रिया सर, शुक्रिया मैम, मेरे कोच बनने के लिए और मुझे लाइफ कोच बनने का सुनहरा मौका देने के लिए 🙏🙏🙏🙏🙏🙏🙏
नवरोज़
खरड़, पंजाब